« »

आप हमको भुला दीजिये

3 votes, average: 3.67 out of 53 votes, average: 3.67 out of 53 votes, average: 3.67 out of 53 votes, average: 3.67 out of 53 votes, average: 3.67 out of 5
Loading...
Hindi Poetry

आप हमको भुला दीजिये

ये परिंदा उड़ा दीजिए.

 

फर्दे जुर्म आप सब सुन चुके

अब कोई फैसला दीजिये.

 

घर में भी फिर बनेगी जगह,

पहले दिल में जगह दीजिये.

 

दाग ही सबके देखे है वो,

कह उसे आईना दीजिये.

 

जिसमे सब भूल कर खो सकूँ

एक दुनिया बना दीजिए.

 

दे रहे सब हमें बद्दुआ

आप भी एक दुआ दीजिये.

11 Comments

  1. Vishvnand says:

    बढ़िया अंदाज, बढ़िया लेखन
    बधाई

    वर्षों हैं मुकदमे चलते रहे
    कब मुजरिम को सज़ा दीजिये ?….

    • siddha Nath Singh says:

      @Vishvnand, आप की प्रतिक्रिया दीजिये.

      • Vishvnand says:

        @siddha Nath Singh
        मैंने दी गर वो प्रतिक्रिया नहीं
        तो जनाब आप उसको क्या कहिये
        मेरी प्रतिक्रिया हम आपको समझा न पाए
        या आपका कमेन्ट हम न समझे समझिये 🙂

        • siddha nath singh says:

          @Vishvnand, प्रतिक्रिया मुक़दमे का फैसला न होने पर मांगी थी जनाब.

          • Vishvnand says:

            @siddha nath singh
            मुकदमा कहाँ दायर करें है चक्कर
            “कोर्ट फैसला ही नहीं सुनाता” इसपर

  2. Harish Chandra Lohumi says:

    आप हमको भुला दीजिये,
    जागने की अब चाहत भी कहाँ ,
    हो सके तो सुला दीजिये !

    बहुत अच्छे एस एन साहब ! kudos ! 🙂

  3. dp says:

    या भुला दीजिये या फिर झुला दीजिये 🙂
    मज़ा आ गया सर जी 🙂

  4. anju singh says:

    बहुत खुबसूरत..
    तारीफ मे आप को देतें है सुन्दर, खुबसूरत और बढ़िया शब्दों के मोती..
    पर आप को जो हो पसंद आप उसे इस प्यारी माला मे लगा दीजिये..
    धन्यवाद

Leave a Reply