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ये जाना(couplet)

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इंतज़ार करते करते ये जाना हमने आखिर दिल -ए -नादान ,
रात की तरह ज़िन्दगी भी कुछ अधूरी सी है उनके बगैर …..!!!!

One Comment

  1. siddha nath singh says:

    अधूरेपन का अहसास उसे पूरी तरह भोगने को उत्प्रेरित करता है.

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